CWG 2026: साई ने 7 स्वर्ण आंके थे, भारत ने जीते 13
भारतीय खेल प्राधिकरण के अनुमान में कुल 32 पदक थे, लेकिन दल ने 13 स्वर्ण समेत 39 पदक जीतकर पदक तालिका में चौथा स्थान हासिल किया।

राष्ट्रमंडल खेल 2026 में भारतीय दल के प्रदर्शन ने खुद भारतीय खेल प्राधिकरण (साई) के अनुमानों को पीछे छोड़ दिया। खेलों से पहले साई ने सात स्वर्ण समेत कुल 32 पदक जीतने का आकलन किया था, लेकिन भारतीय खिलाड़ियों ने 13 स्वर्ण के साथ कुल 39 पदक जीते और पदक तालिका में चौथा स्थान हासिल किया।
सबसे बड़ा उलटफेर मुक्केबाजी रिंग से आया। भारतीय मुक्केबाजों ने ऐतिहासिक प्रदर्शन करते हुए सात स्वर्ण समेत कुल 10 पदक जीते, जबकि साई की ओर से इस खेल में तीन स्वर्ण समेत सात पदक का ही अनुमान लगाया गया था। यानी अकेले मुक्केबाजी ने भारत के कुल स्वर्ण पदकों के अनुमान के बराबर पदक दिला दिए।
आमतौर पर ओलंपिक, एशियाई खेल या राष्ट्रमंडल खेलों से पहले खेल मंत्रालय और साई जो पदक अनुमान जारी करते हैं, नतीजे उससे कम ही रहते हैं। इस बार स्थिति उलट रही।
यह प्रदर्शन इसलिए भी अप्रत्याशित माना जा रहा है क्योंकि इन खेलों के कार्यक्रम से वे खेल हटा दिए गए थे, जिनमें भारत परंपरागत रूप से मजबूत रहा है। ऐसे में दल से बड़ी पदक संख्या की उम्मीद किसी को नहीं थी।
भारतीय खेल प्राधिकरण के अनुमान और वास्तविक नतीजों के इस अंतर को खेल जगत में सुखद आश्चर्य के तौर पर देखा जा रहा है। पदक तालिका में चौथे स्थान के साथ भारत ने उन आशंकाओं को भी गलत साबित किया कि पसंदीदा खेलों के बाहर होने से उसका प्रदर्शन प्रभावित होगा।
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