बिलासपुर: प्राइवेट स्कूलों को किताब न लेने पर कलेक्टर का नोटिस
निजी स्कूलों ने पाठ्य पुस्तक निगम की किताबें नहीं लीं, कलेक्टर संजय अग्रवाल ने शो-कॉज नोटिस जारी कर बैठक में बुलाया।

बिलासपुर जिले में राज्य पाठ्य पुस्तक निगम की किताबें कई प्राइवेट स्कूलों में अब तक नहीं पहुंच पाई हैं। स्कूल प्रबंधन की ओर से किताबों का उठाव न किए जाने पर कलेक्टर संजय अग्रवाल ने नाराजगी जताते हुए ऐसे स्कूल संचालकों को शो-कॉज नोटिस जारी करने के निर्देश दिए हैं। नोटिस का जवाब लेकर स्कूल संचालकों को कलेक्ट्रेट में होने वाली विशेष बैठक में बुलाया जाएगा।
यह मामला साप्ताहिक टीएल बैठक के दौरान सामने आया, जब शिक्षा विभाग के अधिकारियों ने बताया कि जिले के कई निजी स्कूल संचालक पाठ्य पुस्तक निगम की किताबें नहीं ले रहे हैं, जिसकी वजह से विद्यार्थियों को समय पर किताबें नहीं मिल पा रही हैं।
कलेक्टर ने कहा कि विद्यार्थियों को समय पर पाठ्यपुस्तकें उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने बताया कि शासकीय स्कूलों में किताबों और गणवेश वितरण का काम लगभग पूरा हो चुका है, ऐसे में निजी स्कूलों की ओर से सरकारी पाठ्यपुस्तकों का उठाव नहीं करना गंभीर लापरवाही है। अधिकारियों को स्कूलों की निगरानी करने और लापरवाही मिलने पर कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।
बैठक में कलेक्टर ने जिले में संचालित सभी कोचिंग संस्थानों की लिस्टिंग और पंजीयन कराने के भी निर्देश दिए, क्योंकि प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए बड़ी संख्या में विद्यार्थी दूसरे क्षेत्रों से बिलासपुर आते हैं। सभी संस्थानों में सुरक्षा व्यवस्था और निर्धारित मानकों के पालन की जानकारी जुटाने को कहा गया।
पीएम सूर्यघर योजना की धीमी रफ्तार पर भी नाराजगी जताई गई। जिले में करीब 47 हजार सोलर प्लांट लगाने का लक्ष्य है, लेकिन अब तक केवल 6 हजार प्लांट ही स्थापित हो सके हैं। कलेक्टर ने योजना का व्यापक प्रचार-प्रसार करने और पात्र हितग्राहियों को जोड़ने के निर्देश दिए। बैठक में खेती-किसानी से जुड़े मुद्दों की भी समीक्षा हुई।
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